Resumen del episodio
- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नेता विपक्ष राहुल गांधी और प्रियंका गांधी का प्रोटेस्ट - कहानियों की प्रतिस्पर्धा और नेहा बोरा, अभिजीत दीपके, सौरभ दास, आशुतोष रांका जैसे युवा नेताओं का उदय - ताऊ, सरदार और खान चा के अतरंगी सपने और फ्रांस में प्रोटेस्ट का मौसम - प्रदर्शनकारियों को क्या आना चाहिए? सरदार ने बताया, नाना पाटेकर का निधन और उनकी फिल्मों पर चर्चा - एजेंडा में छवियों पर बतरस, इमेज मेकिंग और नरेटिव पर चर्चा - इंसान, वस्तु और ट्रेनों और नेताओं की छवि पर बतरस - सलमान खान और अजित जैसे ऐक्टर की छवि - छवियों का निर्माण कैसे होता है? विदेशों में भारत की छवि कैसी होती है? - राहुल गांधी के दिल में इजरायल की छवि और वर्ल्ड वॉर 2 में अमेरिका के दिमाग में जापान की छवि - गुलाब-गेंदा जैसे फूलों और बॉडी बिल्डर की छवि - बिज़ार खबर में राहत सामग्री से मृत्यु - चिट्ठियां - प्रड्यूसर : अतुल -साउंड मिक्स : सूरज
- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नेता विपक्ष राहुल गांधी और प्रियंका गांधी का प्रोटेस्ट - कहानियों की प्रतिस्पर्धा और नेहा बोरा, अभिजीत दीपके, सौरभ दास, आशुतोष रांका जैसे युवा नेताओं का उदय - ताऊ, सरदार और खान चा के अतरंगी सपने और फ्रांस में प्रोटेस्ट का मौसम - प्रदर्शनकारियों को क्या आना चाहिए? सरदार ने बताया, नाना पाटेकर का निधन और उनकी फिल्मों पर चर्चा - एजेंडा में छवियों पर बतरस, इमेज मेकिंग और नरेटिव पर चर्चा - इंसान, वस्तु और ट्रेनों और नेताओं की छवि पर बतरस - सलमान खान और अजित जैसे ऐक्टर की छवि - छवियों का निर्माण कैसे होता है? विदेशों में भारत की छवि कैसी होती है? - राहुल गांधी के दिल में इजरायल की छवि और वर्ल्ड वॉर 2 में अमेरिका के दिमाग में जापान की छवि - गुलाब-गेंदा जैसे फूलों और बॉडी बिल्डर की छवि - बिज़ार खबर में राहत सामग्री से मृत्यु - चिट्ठियां - प्रड्यूसर : अतुल -साउंड मिक्स : सूरज
Episodios
केचुआ में मुचुआ की मुसीबत, धरनाभोज और बिहार की आहत सामग्री : तीन ताल S2 Ep. 177
Escuchado- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ नेता विपक्ष राहुल गांधी और प्रियंका गांधी का प्रोटेस्ट - कहानियों की प्रतिस्पर्धा और नेहा बोरा, अभिजीत दीपके, सौरभ दास, आशुतोष रांका जैसे युवा नेताओं का उदय - ताऊ, सरदार और खान चा के अतरंगी सपने और फ्रांस में प्रोटेस्ट का मौसम - प्रदर्शनकारियों को क्या आना चाहिए? सरदार ने बताया, नाना पाटेकर का निधन और उनकी फिल्मों पर चर्चा - एजेंडा में छवियों पर बतरस, इमेज मेकिंग और नरेटिव पर चर्चा - इंसान, वस्तु और ट्रेनों और नेताओं की छवि पर बतरस - सलमान खान और अजित जैसे ऐक्टर की छवि - छवियों का निर्माण कैसे होता है? विदेशों में भारत की छवि कैसी होती है? - राहुल गांधी के दिल में इजरायल की छवि और वर्ल्ड वॉर 2 में अमेरिका के दिमाग में जापान की छवि - गुलाब-गेंदा जैसे फूलों और बॉडी बिल्डर की छवि - बिज़ार खबर में राहत सामग्री से मृत्यु - चिट्ठियां - प्रड्यूसर : अतुल -साउंड मिक्स : सूरज
ज्ञानू गो बैक, निगरगंड उस्तादी और इंद्रदेव को नोटिस : तीन ताल S2 Ep 176
Escuchado- पीनी पड़े के गीत से हुई तीन ताल की शुरुआत - दुबई से इजरायल जा रहे प्लेन 'फ्लाईदुबई' की हाईजैक की साजिश - 9/11 के बाद मुसलमानों के लिए कैसे बदल गई दुनिया - सरदार की शरीर में हरिओम पवार की आत्मा - लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी में तनाव और तोड़फोड़ और ताऊ की जेन ज़ी को सलाह - अधूरी जानकारी, पूरी बेचैनी और अफ़वाह की फुल-साइज़ कहानी - ज्ञानेश कुमार के खिलाफ और आंदोलन की मांग और चुनाव निरस्त करने की मांग - झारखंड को आज़ाद करने की डिमांड - एजेंडा में 'उस्ताद' पर बतरस - ताऊ और खान चा के उस्ताद के किस्से - उस्ताद और अध्यापक में अंतर और उस्ताद की ज़रूरत - मोहल्ले के उस्ताद अंकल-आंटी और उस्ताद पर शेरो शायरी - बिजार : इंद्रदेव पर जनसुनवाई, बादल विभाग को नोटिस और देवराज को कारण बताओ!
दिल्ली की दिमाग़ी दही, बिगड़ैल बिहार और नेता जी का नागिन डांस : तीन ताल S2 175
Escuchadoचुनाव आयोग का विवाद और CEC ज्ञानेश कुमार निशाने पर - जमुई की घटना का वायरल वीडियो, नाबालिगों के साथ मारपीट-छेड़छाड़ और पुलिस की कार्रवाई - बिहार की संस्कृति कैसे सुधरेगी? ताऊ सरदार ने बताया - अभिनव चतुर्वेदी के साथ क्रिकेट और फिल्मों और दिल्ली पर बतरस चालू - मनीषा कोइराला के भाई का रोल और सौदागर फिल्म के किस्से राजकुमार और दिलीप कुमार की मस्ती - दिल्ली में पहली बार आने के किस्से और होलडॉल के साथ मजनू का टीला, हौज रानी, खिड़की गाँव, बेर सराय, फतेहपुर बेरी और पहाड़ी इमली से कड़कड़डूमा तक बतकही - दिल्ली के गोल चक्कर और खो जाने की आदत - दिल्ली और मुंबई में फरक और दिल्ली की चाट, गोलगप्पे से शाही पनीर तक वही पुराना मेन्यू और मिस्सी रोटी की अनन्त उपेक्षा - जमनापार दिल्ली की बातें और बार-बार लुटने वाली दिल्ली - पावर के करीब दिल्ली और दिल्ली की हवाबाज़ी और मुंबई और दिल्ली के अलग अलग दलाल स्ट्रीट - दिल्ली के अतरंगी खाने और कल्चर के नमपर धोखा - चावड़ी बाज़ार, चांदनी चौक, भगीरथ पैलेस और नेहरू प्लेस जैसी जगहें - कुछ घटिया शेर सुनिए और सुनिए महेंद्र सिंह धोनी का परिचय - बिज़ार खबर : जालौन में 20 बोरी सीमेंट, थाने का कमरा और…
मार्मिक छुच्छी, मणिकर्णिका पर दीक्षांत समारोह और हूतियों का हूतियापा : तीन ताल S2 174
Escuchado- कवि और नागरी प्रचारिणी सभा काशी के प्रधानमंत्री व्योमेश शुक्ल के साथ तीन ताल की शुरुआत - आस्तीन के सांप, ब्रिक्स डिनर का ‘वेज मेन्यू’ विवाद और बनारस में मांसाहार की परंपरा - UPI में नया MDR, डिजिटल इंडिया का डिजिटल कांटा, P2P फ्री और दुकानदार से प्यार - हूती आया, हूती गया और हूती विद्रोहियों ने सऊदी का F-15 फाइटर जेट मार गिराया - एजेंडा में मृत्यु का टाइमटेबल और मौत का कोई PNR नंबर, जिंदगी की आखिरी खबर, सबसे पुरानी ब्रेकिंग - कंधा चार, सलाह चालीस के साथ शव-यात्रा और जीवन का दीक्षांत समारोह - मौत के मुहाने पर भी क्लिफहैंगर, रोने और न रो पाने वाले लोगों की मुश्किल - बनारस के मणिकर्णिका घाट और हरिश्चंद्र घाट पर रोना मना है? - मृत्यु की सबसे उपयुक्त संज्ञा और काल-अकाल का अनिश्चितता - बनारस में प्रेमचंद, आचार्य रामचंद्र शुक्ल, महामना मदन मोहन मालवीय, महाराज बनारस और कमलापति त्रिपाठी की शव-यात्रा - चिता पर सेंकी हुई रोटी का टोटका और एक पर एक फ्री की स्कीम - बिज़ार खबर और चिट्ठियां - प्रड्यूसर : अतुल - साउंड मिक्स : सूरज
नाराज़ फूफा, असत्य निकेतन, iPhone का मनुवाद और मायावती की 'RT': तीन ताल S2 173
Escuchadoदेश के नंबर वन कॉमेडी पॉडकास्ट 'तीन ताल' सीजन 2 के एपिसोड 173 में कमलेश ताऊ, आसिफ़ ख़ां चा और कुलदीप सरदार के साथ सुनिए: फूफा नाराज़ क्यों हो जाते हैं, ताऊ क्या 'एथेनॉल फूफा' हैं, भूतपूर्व और मौजूदा नाराज़ फूफा कौन हैं, क्या विपक्ष असल में नाराज़ फूफा ही होता है और नाराज़ फूफा के असली traits क्या हैं? फूफा के फुल-बॉडी ईगो मसाज से लेकर राजनीति में रिश्तों के नाम रखने की परंपरा तक, भारतीय राजनीति के असली फूफा किसे कहा जाना चाहिए? देश के जीजाओं को ताऊ ने चेतावनी दी और यह सवाल भी उठा कि फूफा खामखां बदनाम हैं या सच में वो तुनुकमिज़ाज होते हैं?गाँव के सार्वजनिक फूफा और पीएम मोदी के पॉलिटिकल कंसर्ट पर भी चर्चा हुई. सोशल मीडिया पर चल रहा 80s ट्रेंड और AI के दुरुपयोग पर भी बातचीत. 80s में खान चा और ताऊ का फैशन कैसा था, उस दौर में बात करने का सलीका क्या था और आज हम उस दौर की कौन-सी चीज़ें मिस करते हैं, इस पर भी चर्चा हुई. रेज बढ़ने और Fight or Flight की प्रवृत्ति से लेकर इस सवाल तक बात पहुँची कि इंसान आखिर किस चीज़ से भरा पड़ा है और क्या हमें रिक्तता की ओर लौटना चाहिए. सत्य निकेतन की घटना के बहाने हमारे यहाँ Safety…